जन्म और मृत्यु के बीच का अन्तराल ‘जीवन’ है। इसमें खुश रहें और दूसरों को खुश रखें।
जीवन: जन्म और मृत्यु के बीच का अंतराल

जन्म और मृत्यु के बीच का अन्तराल ‘जीवन’ है। इसमें खुश रहें और दूसरों को खुश रखें।
70 वर्ष के बाद का जीवन केवल उम्र का आँकड़ा नहीं, बल्कि प्रकृति का दिया हुआ बोनस है। जानिए कैसे संतुलित खानपान, हल्का व्यायाम और मानसिक सक्रियता लंबे जीवन का रहस्य खोलते हैं और बुज़ुर्गावस्था को खुशहाल, सार्थक और ऊर्जावान बनाते हैं।
लोकतंत्र कभी अचानक ढहता नहीं, वह धीरे-धीरे भीतर से खोखला किया जाता है। मोदी सरकार और RSS ने इसे “सलामी स्लाइसिंग” की कला बना दिया है—छोटे-छोटे बदलाव, जो मामूली लगते हैं, लेकिन मिलकर संविधान, संस्थाएँ और नागरिक अधिकारों की नींव हिला देते हैं। असली खतरा यही है कि जब जनता को पूरा सच समझ आएगा, तब तक बहुत कुछ हाथ से निकल चुका होगा।
यह लेख प्यार को एक बहुआयामी अनुभव के रूप में प्रस्तुत करता है — जिसमें हार्मोनल प्रतिक्रियाएँ, भावनात्मक लगाव, भारतीय दर्शन की दृष्टि और सामाजिक सीमाएँ शामिल हैं। आत्म-प्रेम से लेकर करुणा तक, यह प्रस्तावना प्रेम की जटिलता को सरलता से खोलती है।
भारत की आज़ादी को 75 वर्ष पूरे हो चुके हैं, लेकिन मौजूदा हालात में स्वतंत्रता पर गहरे सवाल खड़े हो रहे हैं। निजता, अभिव्यक्ति और नागरिक अधिकारों पर बढ़ते नियंत्रण ने यह आशंका पैदा कर दी है कि कहीं हमारी लोकतांत्रिक आज़ादी धीरे-धीरे खोखली न हो रही हो। सत्ता और व्यवस्था के दबाव में जनता फिर से एक नए तरह की परतंत्रता की ओर धकेली जा रही है।
ललई सिंह यादव (1911–1993), उत्तर भारत के पेरियार, ने “सच्ची रामायण” के प्रतिबंध के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट तक ऐतिहासिक लड़ाई जीती। बौद्ध धर्म अपनाकर जातिसूचक पहचान छोड़ी और जीवनभर ब्राह्मणवाद के खिलाफ बहुजन मुक्ति आंदोलन चलाया। उनके नाटक, पुस्तकें और प्रकाशन ने सामाजिक न्याय और वैचारिक स्वतंत्रता की नई चेतना जगाई।
आधुनिक विचारक व वैज्ञानिक बुद्ध के बारे में क्या विचार रखते है, विस्तार से बताया गया है।
🪙 भाजपा शासनकाल में सोने की कीमतों में अप्रत्याशित उछाल क्यों?: आर्थिक, सांस्कृतिक और राजनीतिक विश्लेषण लेखक: Dr. | LALA …
(Martyrdom of Jagdev Prasad: A document of the incomplete fight for social justice) जगदेव प्रसाद की शहादत केवल एक व्यक्ति …
(Gail Omvedt: Representative historian of the Bahujan movement) गेल ओमवेट (1941–2021): अमेरिकी मूल की समाजशास्त्री और लेखिका, जिन्होंने जाति, पितृसत्ता …